(1)
किस क्रमांक में तद्भव शब्द नहीं है।
(1) मक्खी
(2) बूँद
(3) हिय
(4) पूर्व
(2)
किस क्रमांक में तद्भव शब्द नहीं है।
(1) केला
(2) छीन
(3) घटिका
(4) घिन
(3)
किस क्रम में 'भद्र' का तद्भव रूप है।
(1) भद्दा
(2) भला
(3) बद
(4) भदा
(4)
किस क्रम में तत्सम रूप नहीं है।
(1) मर्कटी
(2) श्मश्रु
(3) लवंग
(4) रीछ
(5)
किस क्रम में तत्सम शब्द नहीं है।
(1) गोस्वामी
(2) तिलक
(3) खीर
(4) शकट
(6)
किस क्रम में तत्सम शब्द नहीं है।
(1) घोटक
(2) उष्ट्र
(3) मक्षिका
(4) छतरी
(7)
किस क्रमांक का शब्द तद्भव है।
(1) वधिर
(2) बाँझ
(3) वत्स
(4) वणिक
(8)
किस क्रम में तद्भव नहीं है।
(1) चर्वण
(2) चितेरा
(3) छाँह
(4) कुआँ
(9)
किस क्रमांक का शब्द तत्सम है।
(1) अचरज
(2) अच्छर
(3) अगम्य
(4) इमली
(10)
किस क्रमांक का शब्द तत्सम है।
(1) ऊँट
(2) उलूक
(3) उबटन
(4) कछुआ
(11)
निम्नलिखित में अशुद्ध शब्द है।
(1) एकत्र
(2) नीरस
(3) मंत्रीमंडल
(4) योगिराज
(12)
निम्नलिखित में अशुद्ध शब्द है।
(1) सप्ताहिक
(2) वीणा
(3) वाष्प
(4) सिंदूर
(13)
निम्नलिखित में अशुद्ध शब्द है।
(1) ईर्ष्या
(2) नछत्र
(3) अनुकूल
(4) आशीर्वाद
(14)
निम्नलिखित में से आग का पर्यायवाची शब्द नहीं है।
(1) वायुसखा
(2) हुताशन
(3) विभावसु
(4) विपथगा
(15)
निम्नलिखित में से इच्छा का पर्यायवाची शब्द नहीं है।
(1) लिप्सा
(2) कामना
(3) यातना
(4) स्पृहा
(16)
निम्नलिखित में से पानी का पर्यायवाची शब्द नहीं है।
(1) अंबु
(2) सर
(3) मेघपुष्प
(4) नीर
(17)
निम्नलिखित में से घर का पर्यायवाची शब्द नहीं है।
(1) पावक
(2) सदन
(3) शाला
(4) निकेतन
(18)
विशेषण कितनें प्रकार के होते है।
(1) 2
(2) 3
(3) 4
(4) 6
(19)
सर्वनाम कितनें प्रकार के होते है।
(1) 3
(2) 4
(3) 5
(4) 6
(20)
उत्पत्ति की दृष्टि से शब्दों के कितनें भेद है।
(1) 4
(2) 2
(3) 5
(4) 7
(21)
बहुत कष्ट होना मुहावरे का अर्थ है।
(1) छाती पर धर कर ले जाना
(2) छाती पर मूंग दलना
(3) छाती फटना
(4) छाती पीटना
(22)
ढाक के तीन पात होना । का अर्थ है।
(1) सदैव एक सी स्थिति
(2) स्थिति को ढक्कर रखना
(3) सबसे अलग स्थिति
(4) स्थिति नियंत्रण में होना
(23)
आ बैल मुझे मार कहावत का अर्थ है।
(1) कठिन कार्य करना
(2) बैठे बिठाये आफल मोल लेना
(3) बैल को हल से जोतना
(4) बैल द्वारा मार गिराना
(24)
सूरज पर थूकना मुहावरे का सही अर्थ कौन सा है।
(1) लींक से हटकर कार्य करना
(2) असंभव कार्य करना
(3) सूर्य से घृणा करना
(4) निर्दोष पर कलंक लगाकर बदनाम करना ।
(25)
निम्नांकित में से किस मुहावरे का अर्थ है। कार्य समाप्ति में देर होना।
(1) सड़क नापना
(2) दो नावों पर सवार होना
(3) दिल्ली दूर होना
(4) हथेली पर सरसों उगाना।
(26)
तम डाल-डाल, मैं पात-पात' लोकोक्ति का सही अर्थ है।
(1) एक दूसरे पर दोषारोपण करना
(2) एक से बढ़कर एक चालाक
(3) एक दूसरे का पीछा करना
(4) एक दूसरे को परास्त करना
(27)
पाखंडी व्यक्ति के लिए उपयुक्त मुहावरा है।
(1) बगुला भगत
(2) बछिया के ताऊ
(3) पैंतरेबाज
(4) माई के लाल
(28)
सावन सूखा न भादों हरा लोकोक्ति का अर्थ है।
(1) सदा हरा भरा रहना
(2) अकाल पड़ना
(3) सदा एक ही दशा में रहना
(4) अतिवृष्टि होना
(29)
भीतर से शत्रुता और ऊपर से मीठी बात करने के भाव को व्यक्त करने वाली निकटतम लोकोक्ति है।
(1) आम के आम, गुठली के दाम
(2) दूर के ढोल सुहावने
(3) दोनों हाथों मे लड्डू
(4) मुँह में राम बगल में छुरी
(30)
हथेली का आँवला मुहावरे का सही अर्थ है।
(1) नि:संदेह बात
(2) प्रत्यक्ष को प्रमाण की क्या आवश्यकता
(3) जादू का खेल
(4) इनमें से कोई नही
(31)
छछूंदर के सर पर चमेली का तेल लोकोक्ति का सही अर्थ है।
(1) सौन्दर्य प्रसाधन को बढ़ावा देना।
(2) अयोग्य व्यक्ति द्वारा स्तरीय वस्तु का उपयोग
(3) किसी चीज का गलत इस्तेमाल करना
(4) इनमें से कोई नहीं
(32)
एक बडा प्रयत्न अनेक छोटे छोटे प्रयत्नों के बराबर होता है। अर्थ को स्पष्ट करने वाली लोकोक्ति का क्रमांक है।
(1) हींग लगे न फिटकरी रंग भी चोखा
(2) नौ की लकड़ी नब्बे का खर्च
(3) हाथी के पाँव में सबका पाँव
(4) ऊँट के मुँह में जीरा
(33)
सम्मान नष्ट करना अर्थ में कौन सा मुहावरा उचित है।
(1) नाक ऊँची करना
(2) नाम नीची करना
(3) नाक टेढ़ी करना
(4) नाक में नकेल डालना
(34)
अचानक घबरा जाना अर्थ के लिए मुहावरा है।
(1) हथियार डालना
(2) हाथ पाँव मारना
(3) हक्का बक्का रह जाना।
(4) हाथों के तोते उड़ना।
(35)
अंधे के हाथ बटेर लगना। लोकोक्ति का सही अर्थ है।
(1) बिना ताकत की प्राप्ति
(2) बिना आँख के प्राप्त करना
(3) बिना मेहनत के ही उपलब्धि होना
(4) बिना आँख के पक्षी को मारना
(36)
अंगारे उगलना मुहावरे का सही अर्थ है।
(1) मुँह में अंगारे निकालना
(2) ज्वालामुखी फूट पड़ना
(3) आग का फैल जाना
(4) कठोर वचन कहना
(37)
कलेजा फटना मुहावरे का सही अर्थ है।
(1) हृदय का विदीर्ण हो जाना
(2) असहनीय दु:ख होना
(3) मृत्यु हो जाना
(4) हृदय का कमजोर हो जाना
(38)
किस क्रमांक में मुहावरा नहीं है।
(1) कौआ चले हंस की चाल
(2) आँखे खुलना
(3) कान का कच्चा
(4) अंगारे उगलना
(39)
किस क्रमांक में झूठे आश्वासन देना का सही अर्थ है।
(1) सिक्का जमाना
(2) सिर उठाना
(3) सब्ज बाग दिखाना
(4) सिर खपाना
(40)
ठंडा पड़ना मुहावरे का अर्थ के लिए सही क्रमांक है।
(1) बेकार हो जाना
(2) ढीला पड़ना
(3) ठण्डा हो जाना
(4) ठण्डा रह जाना
(41)
रचना की दृष्टि से शब्दों के कितनें भेद है।
(1) 2
(2) 3
(3) 4
(4) 5
(42)
संज्ञा के कितनें भेद है।
(1) 2
(2) 4
(3) 5
(4) 6
(43)
विकारी और अविकारी शब्दों के कितनें भेद है।
(1) 6
(2) 8
(3) 2
(4) 4
(44)
इनमें से कौन सा शब्द संज्ञा से बना हुआ विशेषण है।
(1) कृपा
(2) जाति
(3) नमक
(4) कुलीन
(45)
'यथासमय' में समास है।
(1) कर्मधारय
(2) तत्पुरूष
(3) अव्ययीभाव
(4) बहुव्रीहि
(6)
'प्रत्येक' में समास है।
(1) बहुव्रीहि
(2) द्विगु
(3) कर्मधारय
(4) अव्ययीभाव
(7)
'कवि' का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) कवियत्री
(2) कवयित्री
(3) कवियाणी
(4) इनमे से कोई नहीं
(48)
'सूर्य' का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) सूर्या
(2) सूरा
(3) सूर्यी
(4) सूर्याणी
(49)
'तिरंगा' में समास है।
(1) कर्मधारय समास
(2) द्विगु समास
(3) बहुव्रीहि समास
(4) अव्ययीभाव समास
(50)
'पेड़ से फल गिरा' इस वाक्य में 'से' किस कारक की विभक्ति है।
(1) सम्बन्ध
(2) अपादान
(3) सम्प्रदान
(4) अधिकरण
(51)
'वह कुल्हाड़ी से वृक्ष काटता है' इस वाक्य में 'से' किस कारक की विभक्ति है।
(1) अधिकरण
(2) सम्प्रदान
(3) अपादान
(4) करण
(52)
'माँ ने बच्चे को सुलाया' इस वाक्य में 'को' किस कारक की विभक्ति है।
(1) कर्म
(2) सम्प्रदान
(3) करण
(4) अपादान
(53)
'अध्यापक' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) अध्यापकी
(2) अध्यापिका
(3) अध्यापका
(4) अध्यापिकी
(54)
'नायक' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) नायीका
(2) नायिकी
(3) नायिका
(4) नायका
(55)
'महाशय' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) महाशिनी
(2) महाशयी
(3) महाशया
(4) महाशियी
(56)
'नेता' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) नेतिन
(2) नेत्री
(3) नेतृ
(4) नेताजी
(57)
'दाता' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) दात्रि
(2) दातृ
(3) दार्त्री
(4) दाती
(58)
'इन्द्र' शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है।
(1) इन्द्रानी
(2) इन्द्रा
(3) इन्द्राणि
(4) इन्द्राणी
(59)
'ञ' का उच्चारण-स्थान क्या है।
(1) दन्त
(2) दन्तालु
(3) तालु
(4) मूर्द्धा
(60)
'उ' ध्वनि का उच्चारण-स्थान क्या है।
(1) तालु
(2) कण्ठ
(3) दन्तालु
(4) ओष्ठ
(61)
जिस समास में दूसरा पद प्रधान होता है, उसे कहते है।
(1) अव्ययीभाव
(2) बहुव्रीहि
(3) तत्पुरूष
(4) कर्मधारय
(62)
'राज्यसभा' शब्द में कौन सा समास है।
(1) तत्पुरूष
(2) कर्मधारय
(3) द्विगु
(4) बहुव्रीहि
(63)
इनमें से कौन सा शब्द 'सामासिक पद' नहीं है।
(1) तिरंगा
(2) शारीरिक
(3) रंगमंच
(4) यथाशक्ति
(64)
यथाशक्ति समस्त पद का विग्रह होगा।
(1) शक्ति के भीत
(2) शक्ति से बाहर
(3) शक्ति से बढ़ चढ़ कर
(4) शक्ति के अनुसार
(65)
किस समस्त पद में तत्पुरूष समास नहीं है।
(1) राजपुरूष
(2) कालिदास
(3) राम - लक्ष्मण
(4) कर्मवीर
(66)
'पॉकिटमार' शब्द में समास है।
(1) अव्ययीभाव
(2) तत्पुरूष
(3) कर्मधारय
(4) बहुव्रीहि
(67)
'नीलकंठ' में कौन सा समास है।
(1) बहुव्रीहि
(2) द्विगु
(3) अव्ययीभाव
(4) कर्मधारय
(68)
समास के कितने भेद होते है।
(1) पॉच
(2) तीन
(3) छह
(4) चार
(69)
'वनमानुष' में कौन सा समास है।
(1) बहुव्रीहि
(2) द्विगु
(3) कर्मधारय
(4) तत्पुरूष
(70)
किस शब्द में तत्पुरूष समास है।
(1) गृहागत
(2) महादेव
(3) पंचवटी
(4) ग्रंथरत्न
(71)
'अंशुमाली' में कौन सा समास है।
(1) कर्मधारय
(2) बहुव्रीहि
(3) अव्ययीभाव
(4) द्विगु
(72)
किस शब्द में बहुव्रीहि समास नही है।
(1) सप्ताह
(2) हस्तलिखित
(3) मेघनाद
(4) यशप्राप्त
(73)
किस शब्द में तत्पुरूष समास है।
(1) आजन्म
(2) अनिच्छा
(3) घनश्याम
(4) तिरंगा
(74)
'नास्तिक' में कौन सा समास है।
(1) अव्ययीभाव
(2) कर्मधारय
(3) द्विगु
(4) तत्पुरूष
(75)
किस शब्द में कर्मधारय समास है।
(1) रणवीर
(2) विचार मग्न
(3) दुश्चरित्र
(4) सिरदर्द
(76)
'अंधकूप' में कौन सा समास है।
(1) अव्ययीभाव
(2) तत्पुरूष
(3) बहुब्रीहि
(4) कर्मधारय
(77)
'नवनिधि' में कौन सा समास है।
(1) अव्ययीभाव
(2) दि्वगु
(3) कर्मधारय
(4) तत्पुरूष
(78)
'वाग्दत्ता' में कौन सा समास है।
(1) तत्पुरूष
(2) अव्ययीभाव
(3) कर्मधारय
(4) बहुब्रीहि
(79)
किस क्रम में करण तत्पुरूष नही है।
(1) ईश्वरप्रदत्त
(2) भुखमरा
(3) गृहागत
(4) हस्तलिखित
(80)
चक्रपाणि में कौन सा समास है।
(1) अव्ययीभाव
(2) बहुब्रीहि
(3) कर्मधारय
(4) तत्पुरूष
(81)
दूसरों की त्रुटियाँ खोजने वाला कहलाता है।
(1) छिद्रान्वेषक
(2) समीक्षक
(3) समीक्षण
(4) छिद्रान्वेषण
(82)
जिसका पति परदेश से लौटा हो-
(1) प्रोपित पतिका
(2) आगत पतिका
(3) गति पतिका
(4) तप्त पतिका
(83)
इन्द्रियों से संबंधित है, वह है।
(1) इन्दियातीत
(2) इन्द्रियीन्मुख
(3) ऐन्द्रिय
(4) ऐन्द्रियातीत
(84)
कम या नपातुला खर्च करने वाले को कहते है।
(1) मक्खीचूस
(2) कंजूस
(3) मितभोगी
(4) मितव्ययी
(85)
जहाँ धरती और आकाश मिलते दिखायी पड़ते है उसके लिए एक शब्द है।
(1) पर्वत प्रदेश
(2) अन्तराज
(3) क्षितिज
(4) पठार
(86)
जो धन देता है के लिए एक शब्द है।
(1) धनय
(2) धनद
(3) धनिक
(4) धनप
(87)
जो व्याकरण जानता हो।
(1) आचार्य
(2) व्याकरणीय
(3) वैयाकरण
(4) वैज्ञानिक
(88)
जो इन्द्रियों से प्राप्त नहीं किया जा सके, उसे क्या कहते है।
(1) अगोचर
(2) निराकार
(3) निर्गुण
(4) निर्विकार
(89)
आवश्यकता से अधिक धनसम्पत्ति एकत्र न करना के अर्थ में कौन सा शब्द प्रयुक्त होता है।
(1) अस्तेय
(2) कृपणता
(3) अपरिग्रह
(4) सदाचार
(90)
दूसरों के दोष ढूँढ़ने वाले को क्या कहते है।
(1) आलोचक
(2) निन्दक
(3) चुगलखोर
(4) परिछिद्रान्वेषी
(91)
दक्षिण - पूर्व के बीच की दिशा को क्या कहते है।
(1) आग्नेय
(2) ईशान
(3) वायव्य
(4) नैर्ऋत्य
(92)
जहाँ मन, वाणी और इन्द्रियाँ नहीं पहुँच सके, उसे क्या कहते है।
(1) अतीन्द्रिय
(2) अवाड्मनसागोचर
(3) इन्द्रियातीत
(4) अज्ञेय
(93)
जिसकी परीक्षा ली जा चुकी हो उसे कहते है।
(1) साक्षर
(2) परीक्षित
(3) शिक्षित
(4) परीक्षार्थी
(94)
जो सबके साथ समान व्यवहार करे उसे कहते है।
(1) दिग्दर्शी
(2) चक्षुदर्शी
(3) सुखदर्शी
(4) समदर्शी
(95)
जिसके हृदय में ममता नहीं है। उसे कहते है।
(1) क्रूर
(2) कुटिल
(3) निर्मम
(4) पापी
(96)
जो पढ़ा न गया हो उसे कहते है।
(1) अपलिखित
(2) अलिखित
(3) अपठनीय
(4) अपठित
(97)
जो धन को फिजूल खर्च करता हो उसे कहते है।
(1) अकिंचन
(2) अपव्ययी
(3) मितव्ययी
(4) अदूरदर्शी
(98)
थोड़ी देर से नष्ट हो जाने वाले को संक्षेप में कहेगें।
(1) क्षणभंगुर
(2) अनश्वर
(3) अपरिमेय
(4) क्षणांश
(99)
लेखक द्वारा स्वयं की लिखी जीवनी को संक्षेप में कहेंगे-
(1) प्रेरक जीवनी
(2) संस्मरण
(3) आत्मकथा
(4) रेखाचित्र
(100)
इन्द्रियों को जीतने वाले के लिए एक शब्द है।
(1) दूरदर्शी
(2) जितेन्द्रिय
(3) दत्तचित्त
(4) कुशाग्रबुद्धि